




मोतीलाल मेमोरियल सोसाइटी के बारे में
बहुमुखी प्रतिभा के धनी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी एवं राजनीति के अमर पुरोधा तथा काकोरी ट्रेन एक्शन केस में क्रान्तिकारियों के पक्ष में अधिवक्ता के रूप में पैरवी करने वाले उ०प्र० के पूर्व मुख्यमंत्री श्रद्धेय श्री चन्द्रभानु गुप्त द्वारा समाजसेवा के विभिन्न क्षेत्रों में योगदान के लिए सोसाइटी रजिस्ट्रेशन में प्रदत्त प्राविधानों के अन्तर्गत राजधानी लखनऊ में 08 मार्च, 1935 को "मोतीलाल मेमोरियल सोसाइटी" की स्थापना करायी गई थी।
मोतीलाल मेमोरियल सोसाइटी आज भी विभिन्न शिक्षण संस्थानों, चिकित्सालयों, संग्रहालयों एवं प्रेक्षागृह के माध्यम से समाज के प्रत्येक वर्ग के लिए शिक्षा, चिकित्सा एवं संस्कृति के प्रचार-प्रसार में अग्रणी भूमिका निभा रही है।
समिति के सदस्य
समाज की सेवा हेतु समर्पित मोतीलाल मेमोरियल सोसाइटी के प्रमुख पदाधिकारी।
मेरी वसीयत
मेरा सफर जो कभी रुका नहीं— झुका नहीं, न जाने कब अपनी मंज़िल प्राप्त कर ले और जीवन की संध्या छा जाय। मेरा जीवन एक भिखारी का जीवन रहा है। मेरे देश के विशेष रूप से इस प्रदेश के लोगों ने मुझे अपार स्नेह और सम्मान दिया है और मेरी झोली को अपने स्नेह दान से भरा है। उन सभी देशवासियों के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त करने हेतु मैंने दो संस्थाओं "भारत सेवा संस्थान" तथा "मोतीलाल मेमोरियल सोसायटी" को जन्म दिया तथा अपने जीवन के आदर्शों और मूल्यों को उनमें निहित करने का प्रयास किया। यह दोनों संस्थायें मेरी कल्पना के अनुरूप उत्तरोत्तर विकसित होती रहें और देश की गरीब जनता की सेवा करते हुए विद्यार्थियों तथा युवा वर्ग को सही दिशा देकर उनका पथ प्रशस्त करती रहें, यही मेरी अभिलाषा है। राजनीति के क्षेत्र में कार्यरत होते हुए भी समाज सेवा के व्रत को निरन्तर निभाने में मैं प्रयत्नशील रहा हूँ और अन्तिम क्षणों तक रहूँगा। इन संस्थाओं के माध्यम से मैं अपने जीवन के विचारों और स्वप्नों को साकार करने में कहाँ तक सफल रहा हूँ, यह तो आने वाला समय ही बताएगा। मैं देश का हूँ और देश मेरा है, मेरा सर्वस्व देश पर ही न्योछावर हो। मेरी जीवन लीला समाप्त होने के पश्चात भी उक्त दोनों संस्थायें, जिनमें मैंने समाज सेवा के उद्देश्यों और आदर्शों को संजोकर रखा है, ईमानदारी से अपने कर्तव्यों के प्रति जागरूक रहें, यही मेरी अभिलाषा है। मैं अपने सभी देशवासियों एवं सहयोगियों के प्रति आभार प्रकट करता हूँ जिन्होंने संघर्ष के क्षणों में पग-पग पर मेरा साथ दिया है।
जो कुछ भी मेरा अपना कहने योग्य था वह सब "भारत सेवा संस्थान" एवं "मोतीलाल मेमोरियल सोसायटी" का हो चुका है। अब केवल एक मकान "सेवा कुटीर" स्थित पानदरीबा, शहर लखनऊ, जिला लखनऊ में मेरी निजी अचल सम्पत्ति के रूप में रह गया है, जिसका मैं एकमात्र स्वामी हूँ; यह भी देश की गरीब जनता को अर्पित है।
उत्तर प्रदेश, लखनऊ
हमारे शैक्षणिक एवं सामाजिक संस्थान
शिक्षा, स्वास्थ्य, संस्कार और सेवा के माध्यम से समाज के उत्थान हेतु संचालित हमारी विभिन्न संस्थाएँ।

नेशनल पी.जी. कॉलेज
राणा प्रताप मार्ग, लखनऊ
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मोतीलाल नेहरू होम्योपैथिक अस्पताल
चारबाग, लखनऊ
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एम.एम.एस. बिड़ला छात्रावास
मोतीलाल, लखनऊ
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बाल संग्रहालय एवं सार्वजनिक बाल पुस्तकालय
चारबाग, लखनऊ
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एम.एम.एस. ऑटोमोबाइल ट्रेनिंग सेंटर
चारबाग, लखनऊ
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आदर्श माँ लक्ष्मी होम्योपैथिक खैराती अस्पताल
लखीमपुर खीरी
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बाल विद्या मन्दिर सीनियर सेकण्डरी स्कूल
चारबाग, लखनऊ
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रवीन्द्रालय
चारबाग, लखनऊ
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नेशनल इण्टर कॉलेज
राणा प्रताप मार्ग, लखनऊ
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हरिबिलास बाल चिकित्सालय
चारबाग, लखनऊ
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Event Gallery






एक नज़र में
आगामी कार्यक्रम
मोतीलाल मेमोरियल सोसाइटी द्वारा आयोजित विभिन्न समारोह, कार्यशालाएँ एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम।
चन्द्रभानु गुप्त राष्ट्र गौरव सम्मान - 2026
श्रद्धेय चन्द्रभानु गुप्त जी की 125 वीं जयंती 14 जुलाई 2026 के पावन अवसर पर मोतीलाल मेमोरियल सोसाइटी एवं भारत सेवा संस्थान के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित
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